होमहरदोईकिसानों के लिए खुशखबरी, आवारा गोवंशो से मिलेगी मुक्ति, 266 करोड़ का हो...

किसानों के लिए खुशखबरी, आवारा गोवंशो से मिलेगी मुक्ति, 266 करोड़ का हो रहा इन्वेस्ट

हरदोई: उत्तर प्रदेश के हरदोई जिले में निराश्रित गोवंशो के लिए एक निजी कंपनी ने एक बड़ा कदम उठाया है। इस कदम से आवारा गोवंशो को न केवल खाने-पीने की व्यवस्था होगी। बल्कि गोवंशो की नस्ल (ब्रीड) को सुधारने का भी प्रयास किया जाएगा।

गोल्ड सनशाइन एग्रोटेक सर्विस प्राइवेट लिमिटेड के एमडी पूर्व मंत्री उज्जवल सिंह शैलेश ने प्रेस वार्ता में बताया कि मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के मार्गदर्शन में वह यूपी को श्वेत क्रांति की तरफ ले जाने का प्रयास कर रहे हैं। उनकी कंपनी गोल्ड सनशाइन एग्रोटेक सर्विस प्राइवेट लिमिटेड को उत्तर प्रदेश में ब्रीडिंग व मिल्क प्रोसेसिंग के जरिए 61 और 205 करोड रुपए का निवेश किया जा रहा है। जिसके जरिये जिला हरदोई में प्रथम चरण का कार्य नवम्बर माह से शुरू किया जा रहा है।

3000 निराश्रित गोवंशो को संरक्षण

इस यूनिट के लिए नीर गांव में सरकार द्वारा भूमि को भी आवंटित कर दिया गया है। हरदोई में लगने वाली कंपनी की यूनिट ने 3000 देसी नस्लो की गांयो का नस्ल सुधार व दुग्ध उत्पादन किया जायेगा। ऐसे छोटे किसान जिनकी आय का साधन मात्र पशु है। किसानों के गोवंशो की नस्ल सुधार करके दुग्ध उत्पादन को बढ़ाया जायेगा.

जिले के 500 लोगों को मिलेगा रोजगार

एमडी शैलेश ने बताया इस यूनिट में जिले के लगभग 500 लोगो को रोजगार मिलेगा जिसके लिये कंम्पनी द्वारा 500 विभिन्न पदो पर 3 माह के भीतर चयन कर लिया जायेगा। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के द्वारा गांयो के संरक्षण हेतु कई योजनायें चलाई जा रही है जिससे प्रभावित होकर हमारी कम्पनी ने हरदोई में निराश्रित पशुओं के संरक्षण हेतु योजना तैयार की है जिसमें निराश्रित गोवंशो का पुर्नवास के साथ नस्ल सुधार भी किया जायेगा।

गोवंशो से अच्छी नस्ल का सीमेन AI किया जायेगा

कंम्पनी का उद्देश्य देसी गोवंशो नस्लो का सुधार करना और छोटे किसानो को देसी नस्लो के बारे में जागरूक करना है, यह योजना पुर्ण रूप से डिजिटलाईज है जिसमें पशुओं में आने वाली बीमारियों को एक सेंसर डिवाईस के जरिये पता लगाया जायेगा और उनके नस्ल सुधार हेतु अच्छी नस्ल का सीमेन AI किया जायेगा। नस्ल सुधार के लिए सेंसर का उपयोग कर गर्भ अवस्था की निगरानी भी की जायेगी. पशुओं का feed intake व हेल्थ की भी निगरानी व डाटा भी रखा जा सकेगा।

कृषि क्षेत्र में किसानो के लिए अपनी फसलो के बचाव हेतु डिजिटल डिवाईस द्वारा उनकी फसलो को बचाया जा सके उसे बचाने के लिये Dr. Y (App) नाम भी निर्मित किया है जोकि गुगल प्ले स्टोर से भी डाउनलोड किया जा सकता है.

उज्जवल सिंह शैलेश ने बताया कि इस यूनिट के लग जाने के बाद हरदोई के किसानो को अपनी दुग्ध की बिक्री के लिये भटकना नही पड़ेगा और डिजिटल डेयरी का उपयोग कर किसान अपने दुग्ध की बिक्री कर सकेगे। योजना के लिए राज्य सरकार द्वारा भूमि चिन्हित कर दी गई है जिसका जल्द ही भूमि पूजन सीएम योगी करेगे।

spot_img
- Advertisment -

ताज़ा ख़बरें